मुंबई/दैनिक मूलनिवासी न्यूज़ सर्विस
मंत्री उदय सामंत ने विधान परिषद में कहा है कि राज्य में गरीबों की सेहत से खिलवाड़ करने वाले फर्जी डॉक्टरों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। मंत्री उदय सामंत ने विधान परिषद में कहा है कि राज्य में जल्द ही फर्जी डॉक्टरों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। राज्य सरकार अब राज्य की झुग्गी-झोपड़ियों और गरीब बस्तियों में फर्जी डॉक्टरों के नेटवर्क के खिलाफ कार्रवाई करने की तैयारी कर रही है। विधान परिषद में MLA चित्रा वाघ द्वारा पूछे गए एक सवाल का जवाब देते हुए उद्योग मंत्री उदय सामंत ने फर्जी डॉक्टरों के नेटवर्क की जांच के लिए एक हाई-लेवल जॉइंट कमेटी बनाने की घोषणा की है।
MLA चित्रा वाघ ने विधान परिषद में राज्य में फर्जी डॉक्टरों की चौंकाने वाली सच्चाई पेश की है। विधान परिषद में बोलते हुए MLA चित्रा वाघ ने राज्य में फर्जी डॉक्टरों के नेटवर्क की सच्चाई सदन के सामने पेश की है। लेजिस्लेटिव काउंसिल में बोलते हुए MLA चित्रा वाघ ने गंभीर आरोप लगाया है कि मुंबई समेत पूरे महाराष्ट्र राज्य में 10वीं पास लोग डॉक्टर बनकर गरीबों की जान से खेल रहे हैं। उन्होंने कुछ दिल दहला देने वाले उदाहरण देते हुए कहा कि मुंबई शहर के चेंबूर में ओम क्लिनिक नाम के एक फर्जी अस्पताल में गलत इंजेक्शन लगने से एक रिक्शा चालक की मौत हो गई, जबकि गोवंडी जैसे इलाके में पिछले 3 साल से एक 10वीं पास व्यक्ति क्लिनिक चला रहा है और मरीजों को दवा दे रहा है। MLA चित्रा वाघ ने चौंकाने वाली जानकारी दी है कि मुंबई के नानावटी अस्पताल में कुछ डॉक्टर फर्जी कागजों के आधार पर प्रैक्टिस कर रहे हैं। फर्जी डॉक्टरों और फर्जी अस्पतालों का मुख्य निशाना महाराष्ट्र राज्य के बड़े शहरों में झुग्गी-झोपड़ियां और गरीब इलाके हैं। जहां लोगों की अज्ञानता का फायदा उठाया जाता है। इसलिए MLA चित्रा वाघ ने राज्य में फर्जी डॉक्टरों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। MLA चित्रा वाघ के उठाए गए सवाल का जवाब देते हुए मंत्री उदय सामंत ने सदन में कई अहम फैसलों की घोषणा की है। राज्य में फर्जी डॉक्टरों की समस्या को खत्म करने के लिए शहरी विकास विभाग और राज्य के स्वास्थ्य विभाग के एडिशनल चीफ सेक्रेटरी की जॉइंट चेयरमैनशिप में एक हाई-लेवल कमेटी बनाई जाएगी। यह कमेटी न सिर्फ डॉक्यूमेंट्री जांच करेगी बल्कि पूरे महाराष्ट्र राज्य में सरकारी और बिना इजाज़त वाले अस्पतालों का राज्य भर में सर्वे करके जानकारी इकट्ठा करेगी। राज्य सरकार फर्जी डॉक्टरों के खिलाफ की गई कार्रवाई की पूरी रिपोर्ट सदन के सामने पेश करेगी। बॉम्बे हाई कोर्ट के दिए गए आदेशों का पालन करते हुए, राज्य नगर निगम और राज्य स्वास्थ्य विभाग आपसी तालमेल बनाए रखें और दोषियों के खिलाफ केस दर्ज करें। यह गंभीर मुद्दा जुर्माना लगाने से हल नहीं होगा। इसलिए, राज्य में गरीबों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करने वाले फर्जी डॉक्टरों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी, ऐसा मंत्री उदय सामंत ने कहा।




